लाइब्रेरी में उसे एक किताब "Using Energy" मिली। उस किताब में उसने पवन चक्की (Windmill) के बारे में पढ़ा। उसने सोचा कि अगर वह पवन चक्की बना सकता है, तो वह बिजली पैदा कर सकता है और जमीन से पानी खींचकर खेती कर सकता है।
: विलियम पुराने कबाड़खाने (junkyard) से खराब साइकिल के पुर्जे, पंखे और अन्य धातु के टुकड़े इकट्ठा करता है। the boy who harnessed the wind in hindi
इस कहानी पर एक बेहतरीन फिल्म भी बनी है (च्वेतल एजियोफोर द्वारा निर्देशित)। फिल्म बहुत खूबसूरत है, लेकिन किताब अधिक गहराई देती है। किताब में विलियम के अंदर के डर, उसकी निराशा और उसके द्वारा पढ़ी गई हर किताब का विवरण है, जो फिल्म में सिमट सकता है। बल्कि अदम्य साहस
The Boy Who Harnessed the Wind " विलियम कामक्वाम्बा की एक प्रेरणादायक सच्ची कहानी है, जो मलावी के एक छोटे से गाँव में अकाल के खिलाफ उनके संघर्ष को दर्शाती है। यह कहानी दिखाती है कि कैसे केवल 13-14 साल की उम्र में, विलियम ने अपनी बुद्धिमत्ता और विज्ञान के ज्ञान का उपयोग करके अपने परिवार और गाँव को भुखमरी से बचाया। कहानी का सारांश (Summary) The Boy Who Harnessed the Wind - Social Justice Books the boy who harnessed the wind in hindi
विलियम कामक्वांबा की आत्मकथा "द बॉय हू हार्नेस्ड द विंड" (द हवा को काबू करने वाला लड़का) केवल एक किताब नहीं, बल्कि अदम्य साहस, अटूट विश्वास और विज्ञान के चमत्कार की जीवंत गाथा है। यह मलावी (अफ्रीका) के एक छोटे से गाँव की कहानी है, जहाँ गरीबी ने लोगों को घुटनों पर ला दिया था, लेकिन एक 14 वर्षीय लड़के ने अपने दिमाग और एक पुरानी लाइब्रेरी की मदद से पूरे गाँव की तकदीर बदल दी।